ताज़ा खबर

Mahabharat 20 th January 2014 Episode 90 Update

Arjun-and-Draupadi-in-Mahabharat

First Scene
कृष्ण ने ध्रुपद पर वार किया पर द्रोपदी सामने आ गई और उसने कृष्ण से कहा वह उसके पिता का वध नहीं कर सकता और इस तरह द्रोपदी ध्रुपद को बचाती है | उसके इस व्यवहार को देख कृष्ण मन ही मन प्रसन्न होते है और कहते है धर्म की रक्षा के लिए उनके पास दो शस्त्र है एक द्रोपदी और दूसरा अर्जुन |

दूसरी तरफ, अर्जुन और सभी वन में सो रहे है, तभी अर्जुन को किसी स्त्री के रोने की आवाज सुनाई देती है और वो उठ जाता है उसे जागा देख कुन्ती कारण पूछती है अर्जुन कहता है उसे किसी स्त्री के रोने की आवाज आ रही है तभी नकुल कहता है कि कोई स्त्री नहीं भूख के कारण भीम का पेट रो रहा है तभी भीम कहता है उसका पेट रोता नहीं है गरजता है | अर्जुन को फिर आवाज सुनाई देती है और वो उस आवाज के पीछे पीछे वन में जाता है और एक गुफा के सामने पहुँचता है जहाँ एक स्त्री रो रही है अर्जुन को देख वो भागती है अर्जुन उसे रोकता है और पूछता है वह कौन है और इस मायावी वन में क्या कर रही है वह स्त्री पूछती है कि पहले वो बताये वो राक्षस है या मानव ? अर्जुन कहता है अगर वह राक्षस होता तो उससे यह नहीं पूछता कि वह कौन है वह उसे खा जाता | वह स्त्री कहती है राक्षसों ने उसके माता पिता को खा लिया और अब उसे यहाँ से निकले का कोई रास्ता नहीं दिख रहा है |

दूसरी तरफ, कुन्ती अपने पुत्रों से कहती है उसे अर्जुन की चिंता हो रही है युधिष्ठिर कहता है वह चिंता ना करे अर्जुन को सभी ढूंढ लेंगे तभी भीम कहता है वह इस वन के सारे वृक्षों को काट कर भी अर्जुन को खोज लेगा | कुन्ती कहती है अब कोई अकेला नहीं जायेगा सभी एक साथ जायेंगे और वह सभी अर्जुन को ढूंढने निकलते है |

अर्जुन उस स्त्री से कहता है कि उसका परिवार पास में ही है वो उसका रक्षण करेंगे और उसे साथ चलने का बोलता है वह स्त्री उसके पीछे पीछे चल रही है और तभी वह किसी को मुडकर देखती है वह स्त्री उस वन की राक्षसी हिडम्बा है जो अर्जुन के साथ जा रही है |

Second Scene
भीम वृक्ष को उखाड़ फेंकता है और दूसरी तरफ अर्जुन और हिडम्बा खड़े है भीम हिडम्बा के देख रहा है और वृक्ष उसके हांथों में है तभी अर्जुन उसे याद दिलाता है कि वह वृक्ष तो नीचे फेंक दे और वह वृक्ष फेंकता है | कुन्ती पूछती है यह स्त्री कौन है | अर्जुन बताता है कि उसके माता पिता को राक्षस खा गए और वो डरी हुई है इसलिए साथ ले आया | कुन्ती उसे पास बुलाती है कहती है डरने की जरुरत नहीं उसके पुत्र उसका रक्षण करेंगे तभी अर्जुन कहता है हाँ भ्राता भीम उसका रक्षण करेंगे तभी भीम कहता है माँ का आदेष है तब वह जरुर रक्षण करेगा |

Third Scene
कुन्ती हिडम्बा से पूछती है वह इस वन में कैसे आ गई ? हिडम्बा कहती है वह और उसका परिवार तीर्थ करने जा रहा था पर राक्षसों ने उसके परिवार को खा लिया | कुन्ती कहती है अब यहाँ से चलना चाहिए और हिडम्बा से पूछती है क्या वह चल पायेगी ? हिडम्बा के कहने से पहले ही अर्जुन कहता है वह कोई कठिन काम नहीं कर रही थी बैठ कर रो रही थी यह सुनकर भीम अर्जुन को डांटते हुए कहता है किसी के दुःख का मजाक उड़ाना सही नहीं है |कुन्ती सभी को चुप रहने का बोलती है और युधिष्ठिर सभी को चलने का बोलता है थोड़ी देर बाद नकुल पूछता है वह सभी किस दिशा में जा रहे है युधिष्ठिर कहता है यह हवा पूर्व से पश्चिम की तरफ जाती है और वह सभी पश्चिम की तरफ चल रहे है तभी हिडम्बा कहती है हाँ यह पश्चिम है इस तरफ से मॉस की गंध आ रही है भीम कहता है पुरे वन से ही ऐसी गंध आ रही है तभी हिडम्बा कहती है इस दिशा में फलों के वृक्ष भी है | उसके इस तरह कहने से अर्जुन और युधिष्ठिर को उस पर शक हो रहा है | कुन्ती भीम को आदेष देती है कि वह सभी के लिए फल तौड़ लाये | भीम सभी के लिए बहुत से फल लाता है सभी खाते है एक दुसरे को भी खिलाते है लेकिन भीम औत हिडम्बा एक दुसरे को देखते हुए खा रहे है सभी भाई यह देख हँसते है | भीम और हिडम्बा अंत तक खाते रहते है | नकुल कहता है आज भ्राता भीम की भूख बिना माता के खिलाये ही शान्त हो गई और सभी उस दोनों पर हँसते है |

दूसरी तरफ कृष्ण कहते है, अभिमान जिसके भी मन में जन्म लेता है वह सदेव उसी के बारे में सोचता है जो अभिमानी होता है उसे खुद की प्रशंसा की लालसा होती है उसे खुद की शक्ति का परिचय दुसरे के मुख से सुनने की लालसा रहती है वास्तव में अभिमानी को भय होता है और जो निर्बल होता है उसी में अभिमान होता है इसी तरह ध्रुपद भी अभिमानी है उसके अभिमान के कारण ही आज उसका मित्र उसका शत्रु है और उसकी संतान उसके लिए केवल शस्त्र बन कर रह गए है | यह सब ध्रुपद और द्रोण सुन रहे है |

precap: ध्रुपद आदेष देता है कि वह द्रोपदी के सम्मान में शोभा यात्रा निकालेगा तभी शिखंडिनी कहती है कि द्रोपदी काम्पिल्य राज्य छोड़ कर जा रही है , ध्रुपद कहता है वह द्रोपदी को मनायेगा, कृष्ण उसे कहते है कि यह काम वह खुद करेंगे |

याद रखने योग्य : अर्जुन को निंद्रा पर विजय प्राप्त थी और हिडम्बा एक राक्षसी थी |

Karnika

Karnika

कर्णिका दीपावली की एडिटर हैं इनकी रूचि हिंदी भाषा में हैं| यह दीपावली के लिए बहुत से विषयों पर लिखती हैं |यह दीपावली की SEO एक्सपर्ट हैं,इनके प्रयासों के कारण दीपावली एक सफल हिंदी वेबसाइट बनी हैं
Karnika

यह भी देखे

Small_Wonder

स्माल वंडर टीवी सीरियल | Small wonder tv serial in hindi

Small wonder TV serial in hindi स्माल वंडर टीवी सीरियल नब्बे के दशक में संयुक्त राष्ट्र …

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *