कोरोना वायरस पर निबंध, शायरी, कविता, लेख | Coronavirus Essay in Hindi

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कोरोना वायरस पर निबंध, शायरी, कविता, लेख, लक्षण, बचाव के उपचार, दिशानिर्देश [Coronavirus Essay in Hindi] (Lakshan, Symptoms, Vaccine, Treatment)

कोरोनावायरस ने पुरे विश्व को बहुत क्षति पहुंचाई है. आज हिंदी पाठ्यकर्म में एक और निबंध शामिल हो गया है ‘कोरोनावायरस निबंध’ ऐसे में हम आपके लिए निबंध की इस सीरिज में कोरोनावायरस पर हिंदी में निबंध लिखने वाले हैं. इसे आप चाहे तो प्रिंट कर सकते है या फिर एक बार अच्छी तरह से जानकारी जुटाने के बाद स्वंय भी लिख सकते हैं.

कोरोना वायरस पर निबंध (Coronavirus Essay)

कोरोना वायरस अकोशिकीय बहुत ही छोटा जीव है. जिसे हम साधारण आँखों से नहीं देख सकते हैं. इसे देखने के लिए हमें सूक्ष्मदर्शी की आवश्यकता होगी. यह वायरस (जीव) जब तक किसी इंसानी शरीर या जीवित शरीर के संपर्क में नहीं आता तब तक यह मृत समान होता है. लेकिन यह जैसे ही किसी जीवित शरीर के संपर्क में आता है बहुत तेजी से अपनी कोशिकाएं विकशित करता है और जीवित शरीर को नष्ट होने की कगार पर ला देता है. इंसानों को यह बुखार, जुकाम, खांसी, सांस की तकलीफ इत्यादि प्रॉब्लम दे सकता है. COVID19 एक तरह का वायरस है जो एक इंसान से दुसरे इंसान में फैलने में समर्थ है एंव इसके संपर्क में आने से इंसानों को काफी हेल्थ प्रॉब्लम का सामना करना पड़ता है.

प्रस्तावन

कोरोनावायरस COVID19 को WHO (विश्व स्वास्थ्य संगठन) द्वारा वैश्विक महामारी घोषित कर दिया गया है. कोरोनावायरस का खतरनाक वेरियंट 2019 में सबसे पहले चीन के वुहान शहर में मिला. इससे पहले कोरोना के जितने वेरियंट मौजूद थे यह उन सबमे सबसे ज्यादा खतरनाक है. WHO ने इसका नाम COVID19 रखा है.

COVID19 का अर्थ क्या है

WHO ने कोरोना को 2019 में एक नया नाम दिया उन्होंने इसे COVID19 नाम दिया है. इसमें CO का अर्थ ‘कोरोना’, VI का अर्थ ‘वायरस’, D का अर्थ ‘डिजीज’ और 19 का अर्थ 2019 है.

कोरोना वायरस उत्पत्ति

सन 2019 दिसंबर में चीन के वुहान शहर में अचानक लोगों को मौत होने लगी, डॉक्टरों ने जब जांच की तो लोगों में कोरोना वायरस की पहचान हुई. बताया जाता है की चीन के वुहान शहर के लोगों ने चमगादड़ का सूप पिया था. उसी सूप की वजह से कोरोना वायरस का विकराल रूप इंसानों में आया. एक रिपोर्ट से यह पता चला था कि चीन ने दुश्मन देशों के खिलाफ हथियार के रूप में इस वायरस को बनाया था जोकि उसी लैब से शुरू होकर पूरे चीन में फ़ैल गया. हालांकि एक सत्य यह भी है की चीन ने इस वायरस पर अपनी पकड़ बना ली थी और अपने देश के अनेक शहरों एंव लोगों को इस वायरस की चपेट में आने से बचा लिया था. लेकिन जैसे-जैसे यह वायरस अन्य देशों में पहुंचा और अभी तक यह वायरस सभी देशों को प्रभावित कर चूका है. आज 2021 में भी भारत समेत अनेक देश कोरोना की वजह से पूरी तरह बंद पड़े है. इस वायरस की वजह से लाखों लोगों को जान गंवानी पड़ी तो अनेक लोगों ने मौत को बहुत करीब से देखा.

कोरोना वायरस रोकने के लिए लॉकडाउन

विश्वभर के डॉक्टरों का मानना है की कोरोना वायरस की लाइफ 9 दिन से लेकर 28 दिन तक की होती है. ऐसे में अगर पूरा विश्व जहाँ है वहीँ पर रहे तो कोरोना वायरस की लाइफ खत्म हो जायेगी और उसकी नई चैन नहीं बन पाएगी. ऐसे में कोरोना वायरस पूरी तरह से खत्म होने में संभव है. इसलिए दुनिया के अनेक देशो ने कोरोना वायरस को खत्म करने के लिए लॉकडाउन लगाया है. भारत देश भी उन देशो में शामिल है.

भारत में कोरोना वायरस कब आया

भारत में पहला कोरोना वायरस संक्रमित मरीज 30 जनवरी 2020 को मिली थी. यह केरल उषा राम मनोहर थी जो चीन से पढाई करके घर आई थी. इस महिला के बाद भारत में उसी दिन 450 और नए संक्रमित मिले थे. इसके बाद फरवरी और मार्च 2020 तक यह आंकड़ा बढ़ता ही रहा और भारत के अनेक राज्यों में नये संक्रमित मिलते रहे.

कोरोना वायरस के लक्षण (Symptoms)

अगर कोई इंसान कोरोना वायरस के संपर्क में आया है तो यह कुछ लक्षण उसके शरीर में दिखाई देने लगेंगे जैसे –

  • खांसी आना
  • जुकाम
  • सर दर्द
  • बुखार
  • सांस में तकलीफ
  • धड़कन बढना
  • किडनी फेल होना

कोरोना से बचाव के उपाय (Treatment)

COVID 19 से बचने के लिए हमें अनेक तरह की सावधानियां रखनी चाहिए. चूँकि यह एक ऐसा वायरस है जो इंसान को एक बार अपनी जकड़ में ले लेने के बाद उसे पूरी तरह से कमजोर कर देता है. इस वायरस की वजह से विश्वभर में लाखों लोगों की जान भी गई है. इसलिए हमें यह सावधानियां अवश्य रखनी चाहिए –

  • हमेशा अपने हाथों को सही से धोएं.
  • समय-समय पर सेनेटाईजर का छिड़काव करें.
  • मास्क से मुहं और नाक हमेशा ढककर रखें.
  • सार्वजनिक जगहों पर चीजो को ना छुएँ.
  • भीड़-भाड़ वाली जगहों से दूर रहे.
  • कोरोना की वैक्सीन जरुर लगवाएं.
  • लोगों से 5फीट या 6फीट की दुरी बनाये रखें.
  • किसी से भी हाथ ना मिलाएं.
  • अपनी इम्युनिटी को स्ट्रोंग बनाने के लिए अच्छा खाना खाएं.
  • बाहर के खाने को इग्नोर करें.
  • मानसिक रूप से मजबूत रहें.
  • गर्म पानी का सेवन करे.
  • बिना किसी जरूरी काम के घर से बाहर ना जाएँ.
  • लोगों को कोरोना के प्रति जागरूक करें.
  • मांसाहार ना खाएं.

कोरोना वायरस का प्रभाव (Effect)

कोरोना वायरस की वजह से भारत ही नहीं पुरे विश्व पर बहुत गहरा प्रभाव पड़ा है. एक तो पुरे विश्व में लॉकडाउन की वजह से अनेक देशों की अर्थव्यवस्था में काफी गिरावट आई है. इसके आलवा पुरे विश्व में 16.6 करोड़ कोरोना संक्रमित लोग मिले है. उनमे से करीब 34.4 लाख लोगों की मृत्यु हो गई है. अकेले भारत में 2.63 करोड़ संक्रमित मरीज मिले है इनमे 2.96 लाख मरीजो की मृत्यु हो गई है. 2.31 करोड़ भारतीय मरीज इस वायरस से रिकवर हो गये हैं. इस वायरस की वजह से पूरी दुनिया का हर एक देश प्रभावित है.

कोरोना वायरस की वजह से आमजन भी काफी परेशान है चूँकि लोगों के रोजगार खत्म हो गये है, कमाई का कोई जरिया नहीं बचा है. देश की अर्थव्यवस्था डगमगा गई है. इसके साथ महंगाई ने आमजन की कमर तोड़ दी है.

कोरोना वैक्सीन

2020 के अंत तक रूस ने दावा कर दिया था की उसने कोरोना पर जल्दी असर करने वाली पहली वैक्सीन का निर्माण कर दिया है. रूस की वैक्सीन निर्माण कंपनी ने ‘स्पूतनिक-5’ नाम की पहली वैक्सीन का निर्माण कर दिया है. रूस के बाद भारत ने भी दो तरह की कोरोना वैक्सीन तैयार की है इसमें पहली वैक्सीन का नाम ‘कोविशिल्ड’ है जिसका निर्माण एस्ट्राज़ेने का और ऑक्सफ़ोर्ड यूनिवर्सिटी के वैज्ञानिकों ने बनाई है और सीरम इंस्टीट्यूट ऑफ़ इंडिया ने इसका उत्पादन किया है. वहीँ दूसरी वैक्सीन भारतीय कंपनी भारत बायोटेक द्वारा बनाई गई है जिसका नाम ‘कोवैक्सीन’ है. चीन भी इस दौड़ में बहुत तेज है वहां पर भी कोरोना वायरस की वैक्सीन बना ली गई है.

कोरोना कितना खतरनाक है

कोरोना उन लोगों के शरीर पर खातक प्रहार करता है जिनकी इम्युनिटी बहुत कमजोर है, ऐसे में आप समझ सकते है वृद्ध लोगों के लिए यह काफी खतरनाक या जानलेवा साबित हो सकता है. युवाओं को इसका खतरा कम है लेकिन अगर कोई युवा संक्रमित है तो उसे घर पर आइशोलेट होना चाहिए. ताकि कोई कमजोर इम्युनिटी वाला इंसान उनके संपर्क में ना आये. वहीं बच्चों के लिए कोरोना काफी खतरानक साबित हुआ है. इसलिए हमेशा COVID के तहत बने नियमो का पालन करें.

कोरोना लहर

कोरोना पूरी दुनिया में पिछले साल अपना तांडव मचा रहा था. फिर विभिन्न देश की सरकारों ने अपने देश में लॉकडाउन लगाया जिसके बाद कोरोना के केस आना कम हो गए. किन्तु फिर कोरोना की दूसरी लहर ने दस्तक देनी शुरू की और फिर इस लहर ने अपना तांडव मचाया. इससे लाखों लोग मारे गए. अभी फिर से धीरे धीरे कोरोना के केस कम होने लगे है. लेकिन सुनने में आ रहा है कि कोरोना की तीसरी लहर भी जल्द ही आ सकती है.

कोरोना से रोकथाम

विश्वभर में करोड़ों लोग कोरोना को हराकर अपनी जिंदगी अच्छे से जी रहे हैं. लेकिन एक सत्य यह भी है की कोरोना की वजह से विश्वभर में लाखों लोगों ने जान गंवाई है. हालाँकि यह आपकी मानसिक मजबूती और इम्युनिटी पर डिपेंड करता है. अगर आपका खान-पान अच्छा है तो आपकी इम्युनिटी अच्छी होगी. अगर आप मानसिक रूप से भी मजबूत है तो आपके कोरोना से ठीक होने के 100 प्रतिशत चांस है.

कोरोना हेल्पलाइन नंबर

कोरोना वायरस से जुड़ी सभी तरह की जानकारी प्राप्त करने के लिए आप यहाँ संपर्क कर सकते हैं. यहाँ कोरोना हेल्पलाइन से जुड़ी सभी जानकारियां उपलब्ध है –

हेल्पलाइन टोल फ्री नंबर1075
कोरोना whatsapp चैट बोट+91 90131 51515
हेल्पलाइन ईमेल आईडीncov2019@gov.in
कोरोना से जुड़ी मनोवैज्ञानिक सलाह08046110007

उपसंहार

विश्वभर में अनेक वायरस आज से पहले भी आये है, देश के वैज्ञानिको और डॉक्टरों ने अनेक वायरसों पर विजय प्राप्त करी है. ऐसे में हमें कोरोना काल में जरूरत है की हम कोरोना से बचाव के जितने भी नियम बने हुए है उन्हें फॉलो करें. अगर हम अपना और अपने परिवार का ख्याल रखेंगे तो एक समय ऐसा भी आएगा जब कोरोना से पूरा विश्व निजात पा लेगा. आज मई 2021 तक विश्वभर में कोरोना पहले की तरह ही मार कर रहा है. लेकिन इस बार वैक्सीन इत्यादि होने की वजह से कोरोना की वजह से मरने वालों की संख्या कम हुई है और कोरोना से ठीक होने वालों की संख्या बढ़ी है. इसलिए हम भविष्य में इस वायरस से पूरी तरह से छुटकारा पाने की उम्मीद कर सकते हैं.

FAQ

Q : क्या कोरोना से निजात पाने का कोई आयुर्वेदिक ईलाज है ?

Ans : हाँ, आप इम्युनिटी बूस्टर आयुर्वेदिक दवा एंव गिलोय रस का सेवन करके इस वायरस से छुटकारा पा सकते हैं.

Q : कोरोना इंसानी शरीर में कितने दिन तक जीवित रहता है ?

Ans : वैज्ञानिको के अनुसार 20 दिन तक कोरोना इंसानी शरीर में जीवित रह सकता है.

Q : क्या किसी भी चीज को छूने से कोरोना हो सकता है ?

Ans : अगर उस चीज को किसी कोरोना संक्रमित ने छुआ है तो कोरोना हो सकता है.

Q : मैं गाँव से सिटी में काम करता हूँ, यहाँ बहुत ज्यादा कोरोना के मरीज है तो मैं क्या करूं ?

Ans : अगर आपके पास पर्याप्त सुविधा है तो आप अपने रूम या घर में ही रहें. अगर नहीं है तो जल्दी से अपने गाँव लौट जाएँ. लेकिन याद रहे गाँव जाकर भी 21 दिनों तक अपने शरीर को आइसोलेट जरुर करें.

Q : कोरोना वैक्सीन कैसे लगवाएं ?

Ans : आप ऑनलाइन वैक्सीन के लिए आवेदन कर सकते है. इसके लिए आपको COWIN पर जाना होगा और अपना रजिस्ट्रेशन करना होगा.

Q : कोरोना आइसोलेशन क्या है ?

Ans : अगर कोई कोरोना संक्रमित मिलता है तो उसे एक कमरे में छोड़ दिया जाता है. उसकी जरूरत की सभी चीजें उसके पास रहती है. बस वह किसी अन्य व्यक्ति या किसी से मिल नहीं पाता है. जबतक वह पूरी तरह से ठीक नहीं होता वह डॉक्टरों की देख-रेख में रहता है.

Q : कोरोना होम आइसोलेशन क्या है ?

Ans : कुछ कोरोना संक्रमित लोग हॉस्पिटल ना जाकर अपने घर पर ही अपने आप को आइसोलेट करते है. इसी प्रक्रिया को होम आइसोलेशन कहते हैं. इसमें डॉक्टर की सलाह से पूरी तरह से आइसोलेशन के नियम को फॉलो किया जाता है.

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