प्रधानमंत्री आवास योजना: MIG क्या है, मिलेगा लोकडाउन में बड़ा फायदा जानिए विस्तार से

प्रधानमंत्री आवास योजना: MIG क्या है, 6-12 लाख इनकम वालों को लोन में ब्याज छूट (Middle Income Group (MIG), Credit Link Subsidy Scheme (CLSS), Full Form Deadline 31 मार्च 2021)

यदि आप प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत खुद का घर खरीदना या बनाना चाहते हैं तो आपके लिए एक अच्छी खबर हैं. ऐसे लोग जोकि एमआईजी सीमा के अंदर आते हैं उन्हें प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत क्रेडिट लिंक सब्सिडी स्कीम का फायदा दिया जाता है. इस स्कीम के तहत लाभार्थियों को होम लोन लेने पर 2.67 रूपये तक की सब्सिडी प्रदान की जाती हैं. इस स्कीम के लिए एक सीमा निर्धारित की जाती हैं. जिसे हालही में प्रधानमंत्री मोदी जी द्वारा ऐलान किये गये आर्थिक पैकेज के तहत बढ़ा दिया गया हैं. जिससे कम से कम 2.5 लाख लोगों को फायदा मिलेगा. अब आपके मन में यह सवाल उठ रहा होगा कि एमआईजी है क्या, एवं इसके दायरे में आने वाले लोगों को किस तरह से और क्या लाभ मिलता है. यह सब कुछ हम इस लेख में प्रदर्शित करने जा रहे हैं. 

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एमआईजी क्या है (What is MIG, Types)

एमआईजी का पूरा नाम मिडिल इनकम ग्रुप हैं. इसे प्रधानमंत्री आवास योजना का के तहत माध्यम वर्ग के लोगों को लाभ प्रदान किया जाता हैं. लेकिन इसके दायरे को अलग – अलग भागों में विभाजित किया गया हैं. जोकि एमआईजी 1 एवं एमआईजी 2 हैं. इसकी जानकारी इस प्रकार हैं –

  • एमआईजी 1 :- इसके दायरे में आने वाले ऐसे लोगों को सब्सिडी स्कीम का लाभ प्रदान किया जाता हैं जिनके परिवार की सलाना आय कम से कम 6 लाख रूपये हैं और अधिकतम 12 लाख रूपये हैं. इस दायरे में आने वाले लोग 4 % की अधिकतम ब्याज सब्सिडी प्राप्त कर सकते हैं. उनका घर खरीदने या बनाने के लिए कारपेट क्षेत्र 160 वर्ग मीटर से अधिक नहीं होना चाहिए. साथ इस श्रेणी के लोगों के लिए 20 साल तक के होम लोन पर अधिकतम लोन की लिमिट 9 लाख निर्धारित की गई हैं.
  • एमआईजी 2 :- एमआईजी 2 का दायदा इस योजना के तहत यह निश्चय किया हैं कि ऐसे लोग जिनके परिवार की सालाना आय 12 लाख रूपये से लेकर 18 लाख रूपये तक के स्लैब में अंतर्गत आती हैं तो वे प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत दी जाने वाली क्रेडिट लिंक सब्सिडी का लाभ लेने के लिए योग्य होते हैं. उन्हें इसके लिए 3 % तक की ब्याज सब्सिडी का लाभ प्राप्त होता हैं. साथ इस दायरे के लोगों के लिए घर बनाने एवं खरीदने के लिए कारपेट क्षेत्र की सीमा 200 वर्ग मीटर निर्धारित की गई हैं. इसके अलावा आपको बता दें कि इस श्रेणी के लोगों के लिए 20 साल तक के होम लोन पर अधिकतम लोन की लिमिट 12 लाख रूपये हैं.

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सीएलएसएस क्या है (What is CLSS)

सीएलएसएस, क्रेडिट लिंक सब्सिडी स्कीम हैं जिसे प्रधानमन्त्री मोदी जी ने साल 2016 में लांच किया था. इस सब्सिडी स्कीम को प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत लांच किया गया हैं, जिसके तहत आवास योजना के लाभार्थियों को अपना घर खरीदने या बनाने केलिए लेने वाले होम लोन पर सब्सिडी प्रदान की जाती हैं.

एमआईजी के लिए पात्रता मापदंड (MIG Eligibility Criteria)

प्रधानमंत्री आवास योजना में एमआईजी के दायरे में आने वाले लोगों के लिए पात्रता मापदंड निर्धारित किया गया हैं जोकि इस प्रकार हैं –

  • पक्का घर नहीं होना चाहिये :- ऐसे आवेदक जिनका भारत के किसी भी हिस्से में उनके या उनके परिवार के किसी भी सदस्य के नाम से पक्का घर नहीं हैं उन्हें इस योजना के तहत लाभ प्रदान किया जाता हैं.
  • अन्य आवसीय योजना का लाभ नहीं लेन चाहिए :- ऐसे आवेदक जिन्हें भारत सरकार की किसी भी आवासीय योजना के तहत लाभ प्राप्त न हो रहा हो फिर चाहे वह केंद्र सरकार द्वारा हो या राज्य सरकार द्वारा उन्हें इस योजना के तहत पात्र माना जाता है.
  • महिला सदस्य :- किसी सम्पत्ति में यदि किसी महिला की सदस्यता का स्वामित्व हैं तो उसे भी इस योजना में शामिल किया जायेगा.
  • सम्पत्ति का स्थान :- इस योजना के तहत यह भी पात्रता निर्धारित की गई है कि संपत्ति का स्थान सन 2011 की जनगणना और ऐडजसेंट प्लानिंग एरिया के अनुसार सभी वैधानिक शहरों के अंतर्गत ही होना चाहिए.

इस तरह से केंद्र सरकार द्वारा आर्थिक पैकेज के तहत आम आदमी जोकि शहरों में निवास करते हैं उनके लिए भी राहत की घोषणा की गई हैं. उन्हें भी अब घर बनवाने या खरीदने के लिए सब्सिडी प्राप्त हो सकेगी.

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Karnika

कर्णिका दीपावली की एडिटर हैं इनकी रूचि हिंदी भाषा में हैं| यह दीपावली के लिए बहुत से विषयों पर लिखती हैं |यह दीपावली की SEO एक्सपर्ट हैं,इनके प्रयासों के कारण दीपावली एक सफल हिंदी वेबसाइट बनी हैं
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